नई टिहरी। जिलाधिकारी नितिका खण्डेलवाल की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में जनता दर्शन कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे लोगों ने पुनर्वास, प्रतिकर भुगतान, आपदा से क्षतिग्रस्त आवास, पुलिया, सड़क, पेयजल, सोलर सहित विभिन्न विभागों से संबंधित कुल 41 शिकायतें और मांगपत्र प्रस्तुत किए। जिलाधिकारी ने सभी समस्याओं को गंभीरता से सुनते हुए अधिकांश प्रकरणों का मौके पर ही निस्तारण किया। शेष मामलों को संबंधित अधिकारियों को भेजते हुए प्राथमिकता के आधार पर त्वरित और समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए।
ग्राम प्रधान गंगी अंगूरा देवी के प्रतिनिधि ने सीमांत गांव गगी में नेटवर्क सुविधा नहीं होने के कारण वीबीजी-रामजी कार्यों के लिए ऑफलाइन हाजिरी की अनुमति देने, मोबाइल टावर स्थापित करने तथा गंगी के दूरस्थ तोक देखुरी और कल्याणी तक मोटर मार्ग निर्माण की मांग रखी। जिलाधिकारी ने जिला विकास अधिकारी को वीबीजी-रामजी की हाजिरी के संबंध में आवश्यक कार्रवाई करने, संचार विभाग को मोबाइल टावर की स्थिति का परीक्षण करने तथा अधिशासी अभियंता पीएमजीएसवाई को मोटर मार्ग के संबंध में स्थलीय निरीक्षण कर आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
व्यापार मंडल बौराड़ी के पदाधिकारियों ने कवर्ड मार्केट और फर्नीचर मार्केट में एबीडी द्वारा कराए गए रेनोवेशन कार्य के एक माह के शेष भुगतान तथा कवर्ड मार्केट में बंद पड़े शौचालय को सुचारू कराने की मांग रखी। जिलाधिकारी ने नगर पालिका को शौचालय सुचारू कराने के साथ ही दो शिफ्ट में सफाई व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। शेष प्रतिकर भुगतान के संबंध में बताया गया कि बजट की मांग भेजी जा चुकी है और बजट प्राप्त होते ही भुगतान की कार्रवाई की जाएगी।
ग्राम कोट पट्टी मनियार निवासी रोशनी देवी ने बताया कि उनकी पुत्री द्वारा इंटरमीडिएट परीक्षा उत्तीर्ण करने के बाद आर्थिक सहायता के लिए आवेदन किया गया था, लेकिन अभी तक सहायता राशि नहीं मिली है। समाज कल्याण अधिकारी ने बताया कि वर्तमान में बजट उपलब्ध नहीं होने के कारण धनराशि जारी नहीं की जा सकी है। बजट उपलब्ध होने पर नियमानुसार भुगतान की कार्रवाई की जाएगी।
ग्राम मंज्यूड़ निवासी विजेंद्र सिंह ने अपनी भूमि पर अवैध रूप से टीन की झोपड़ी बनाए जाने की शिकायत करते हुए उसे हटाने की मांग की। जिलाधिकारी ने उप जिलाधिकारी और तहसीलदार टिहरी को प्रकरण की जांच कर नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए। वहीं जल संस्थान चंबा में कार्यरत अस्थायी फीटर कर्मचारियों के प्रतिनिधिमंडल ने वेतन वृद्धि की मांग रखी। जिलाधिकारी ने अधिशासी अभियंता जल संस्थान को कर्मचारियों के कार्य की प्रकृति और प्रकरण का परीक्षण कर आख्या उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
इसी क्रम में ग्राम सुनारकोट निवासी मंगली देवी ने गैस सिलेंडर उपलब्ध कराने, आसिया खातून ने क्षतिग्रस्त नाले की मरम्मत कराने, धोन निवासी मुकेश बनाली ने आपदा से क्षतिग्रस्त पुलिया का निर्माण दैवीय आपदा मद से कराने तथा बंडगांव निवासी उमा भट्ट ने दिखोलगांव में भूमि का सीमांकन कराने की मांग रखी। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को सभी प्रकरणों का परीक्षण कर आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने कहा कि जनता दर्शन के माध्यम से आमजन को अपनी समस्याएं सीधे प्रशासन तक पहुंचाने का अवसर मिल रहा है। प्रशासन प्रत्येक शिकायत को गंभीरता से लेते हुए प्राथमिकता के आधार पर उसके समाधान का प्रयास कर रहा है। उन्होंने कहा कि पूर्व में प्राप्त शिकायतों की भी नियमित समीक्षा की जा रही है और लंबित मामलों के त्वरित निस्तारण के लिए संबंधित अधिकारियों को समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं, ताकि लोगों को अनावश्यक रूप से कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें और उन्हें समय पर राहत मिल सके।
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी वरुणा अग्रवाल, नगर पालिका अध्यक्ष टिहरी मोहन सिंह रावत, सीएमओ डॉ. राम प्रकाश, पीडी डीआरडीए ज्योति, जिला विकास अधिकारी मो. असलम, एसडीएम कमलेश मेहता, एसएलएओ नीलू चावला, जिला उद्यान अधिकारी पंकज पटवाल सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
