रुद्रप्रयाग, 29 जुलाई। भारत निर्वाचन आयोग के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर-2026) अभियान के अंतर्गत जनपद रुद्रप्रयाग में निर्वाचक नामावली को अधिक शुद्ध, अद्यतन एवं त्रुटिरहित बनाने की प्रक्रिया तेज़ी से जारी है। इसी क्रम में बुधवार को तहसील रुद्रप्रयाग एवं उखीमठ में बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ), बीएलओ सुपरवाइजरों तथा सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों (एईआरओ) के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए गए।
तहसील रुद्रप्रयाग में आयोजित प्रशिक्षण में मुख्य कृषि अधिकारी लोकेंद्र बिष्ट तथा डीआईईटी रुद्रप्रयाग के सहायक अध्यापक डॉ. दीपक बुटोला ने प्रतिभागियों को निर्वाचन प्रक्रिया से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जानकारी दी। वहीं उखीमठ में जिला सेवायोजन अधिकारी सुशील चंद्र एवं डीआईईटी के प्रवक्ता विनोद यादव ने अधिकारियों को निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुरूप कार्यवाही की विस्तृत जानकारी प्रदान की। प्रशासन ने बताया कि 30 जुलाई को जखोली और बसुकेदार तहसीलों में भी इसी प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
प्रशिक्षण के दौरान प्रारूप निर्वाचक नामावली में चिन्हित विसंगतियों वाले मतदाताओं को नोटिस जारी करने, नोटिस की तामील सुनिश्चित करने, प्राप्त दावों एवं आपत्तियों की सुनवाई तथा उनके समयबद्ध एवं नियमानुसार निस्तारण की प्रक्रिया पर विस्तार से चर्चा की गई। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि प्रत्येक प्रकरण का निष्पक्ष, पारदर्शी और निर्वाचन आयोग के निर्धारित मानकों के अनुरूप निस्तारण सुनिश्चित किया जाए।
प्रशिक्षकों ने बताया कि जिन मतदाताओं के नाम, पते अथवा अन्य विवरणों में त्रुटियां पाई गई हैं, उन्हें विधिवत नोटिस जारी कर अपना पक्ष रखने तथा आवश्यक अभिलेख प्रस्तुत करने का अवसर दिया जाएगा। सुनवाई पूरी होने के बाद पात्र मामलों का निस्तारण कर निर्वाचक नामावली को अधिक सटीक, अद्यतन और त्रुटिरहित बनाया जाएगा।
जिला प्रशासन के अनुसार अगस्त माह में बूथ स्तर पर नोटिस वितरण, दावों एवं आपत्तियों की सुनवाई तथा उनके निस्तारण की प्रक्रिया पूर्ण की जाएगी। अभियान के सफल क्रियान्वयन के लिए सभी बीएलओ, सुपरवाइजरों एवं संबंधित अधिकारियों को पूरी निष्ठा, निष्पक्षता और समयबद्धता के साथ दायित्वों का निर्वहन करने के निर्देश दिए गए हैं।
