उत्तरकाशी, 17 अगस्त। भारतीय मजदूर संघ के आह्वान पर राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन कर्मचारी संगठन ने सोमवार को एनएचएम सहित स्वास्थ्य क्षेत्र में कार्यरत संविदा, एम्बुलेंस एवं अन्य कर्मचारियों की लंबे समय से लंबित मांगों के समाधान की मांग को लेकर जिला मुख्यालय में प्रदर्शन किया।
प्रदेश अध्यक्ष राम संजीवन नौटियाल की अध्यक्षता में संगठन के पदाधिकारी एवं कर्मचारी मुख्य बाजार से जुलूस निकालते हुए जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे। इस दौरान कर्मचारियों ने शासन-प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए अपनी मांगों के शीघ्र समाधान की मांग उठाई। इसके बाद उपजिलाधिकारी के माध्यम से प्रधानमंत्री, केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री एवं मुख्यमंत्री उत्तराखंड को ज्ञापन प्रेषित किया गया।
ज्ञापन में एनएचएम कर्मचारियों के नियमितीकरण, समान कार्य के लिए समान वेतन, आउटसोर्स कर्मचारियों को निगम अथवा स्वास्थ्य विभाग में शामिल कर विभागीय स्तर पर वेतन सुनिश्चित करने तथा न्यूनतम मासिक वेतन ₹30,000 किए जाने की मांग प्रमुखता से रखी गई।
इसके अलावा एनएचएम कर्मचारी कल्याण बोर्ड के गठन, श्रम संहिताओं में स्कीम वर्करों को शामिल करने, वर्ष 2004 से पूर्व नियुक्त कर्मचारियों को पुरानी पेंशन योजना का लाभ देने तथा वर्ष 2004 से पूर्व एनएचएम में कार्यरत रहे कर्मचारियों की पूर्ववर्ती सेवा अवधि को जोड़ते हुए पुरानी पेंशन योजना (OPS) का लाभ दिए जाने की मांग भी की गई।
संगठन ने कहा कि एनएचएम कर्मचारी लंबे समय से स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने और दूरस्थ क्षेत्रों तक स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। इसके बावजूद उनकी सेवा, वेतन एवं सामाजिक-आर्थिक सुरक्षा से जुड़ी कई मांगें वर्षों से लंबित हैं। संगठन ने सरकार से मांगों पर शीघ्र सकारात्मक एवं न्यायोचित निर्णय लेकर कर्मचारियों को राहत प्रदान करने की अपील की।
इस अवसर पर राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन कर्मचारी संगठन के पदाधिकारी एवं बड़ी संख्या में कर्मचारी मौजूद रहे।
