गैरसैंण/देहरादून। उत्तराखंड विधानसभा में चल रहे बजट सत्र के दौरान बुधवार को सदन के भीतर और बाहर दोनों जगह राजनीतिक माहौल काफी गरमाया रहा। खिलाड़ियों को सरकारी नौकरी देने, बेरोजगारी, महंगाई और विभिन्न जनहित के मुद्दों को लेकर विपक्ष ने सरकार को घेरने की कोशिश की। सदन के अंदर विपक्षी विधायकों ने इन मुद्दों पर जोरदार सवाल उठाए, वहीं सदन के बाहर भी विपक्षी दलों ने धरना देकर सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया।
सत्र के दौरान विपक्ष के विधायकों ने राज्य के खिलाड़ियों को सरकारी नौकरियों में पर्याप्त अवसर न मिलने का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। उनका कहना था कि उत्तराखंड के कई खिलाड़ी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश और प्रदेश का नाम रोशन कर चुके हैं, लेकिन उन्हें अपेक्षित सरकारी समर्थन और रोजगार के अवसर नहीं मिल पा रहे हैं। विपक्ष ने मांग की कि राज्य सरकार खिलाड़ियों के लिए विशेष भर्ती नीति बनाकर उन्हें प्राथमिकता के आधार पर सरकारी सेवाओं में नियुक्ति दे।
इसके साथ ही विपक्ष ने बेरोजगारी, शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति और महंगाई जैसे मुद्दों पर भी सरकार को घेरने का प्रयास किया। विपक्षी विधायकों ने आरोप लगाया कि राज्य में युवाओं के लिए रोजगार के पर्याप्त अवसर नहीं बन पा रहे हैं और कई विभागों में लंबे समय से पद खाली पड़े हैं।
सदन के अंदर तीखी बहस के बीच कई बार माहौल गर्म हो गया। विपक्षी सदस्यों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए अपने विरोध को दर्ज कराया। इस दौरान विधानसभा अध्यक्ष ने सदन की कार्यवाही को सुचारू रूप से चलाने की अपील भी की।
वहीं, सदन के बाहर भी विपक्षी दलों के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने धरना प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए विभिन्न मांगों को जल्द पूरा करने की मांग उठाई। विपक्ष का कहना है कि यदि उनकी मांगों पर सरकार गंभीरता से विचार नहीं करती है तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
सरकार की ओर से जवाब देते हुए संबंधित मंत्रियों ने कहा कि खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने और उन्हें रोजगार के अवसर देने के लिए राज्य सरकार लगातार प्रयास कर रही है। सरकार ने यह भी आश्वासन दिया कि खिलाड़ियों के हितों की रक्षा के लिए नीतिगत स्तर पर आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
बजट सत्र के दौरान इन मुद्दों पर हुई बहस से यह साफ हो गया है कि आने वाले दिनों में भी सदन के भीतर और बाहर राजनीतिक हलचल जारी रहने की संभावना है।
